पटना में नकली शराब फैक्ट्री का खुलासा, मेहंदीगंज में पुलिस की बड़ी छापेमारी
पटना के मेहंदीगंज थाना क्षेत्र में पुलिस ने नकली शराब बनाने वाली फैक्ट्री का भंडाफोड़ किया है। छापेमारी में बड़ी मात्रा में उपकरण, बोतलें, रैपर और स्टीकर बरामद हुए हैं। एक युवक को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है।
पटना| राजधानी पटना में अवैध शराब कारोबार के खिलाफ पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए नकली शराब बनाने वाली फैक्ट्री का खुलासा किया है। मेहंदीगंज थाना क्षेत्र के दीपनगर, रोड नंबर-5 स्थित एक मकान में गुप्त सूचना के आधार पर शनिवार देर शाम छापेमारी की गई, जहां से नकली शराब के निर्माण और पैकेजिंग से जुड़ी बड़ी मात्रा में सामग्री बरामद की गई है।
पुलिस की इस कार्रवाई में मौके से नकली शराब बनाने के उपकरण, डिब्बे, रैपर, स्टीकर, ढक्कन, कांच की बोतलें, कफ सिरप की बोतलें और बाजार में मिलने वाली फिज ड्रिंक की खाली बोतलें जब्त की गईं। छापेमारी के दौरान पुलिस ने एक युवक को भी गिरफ्तार किया है, जिससे पूछताछ की जा रही है। पुलिस को आशंका है कि यह नेटवर्क काफी बड़े इलाके में नकली शराब की सप्लाई कर रहा था।
गौरतलब है कि बिहार में पूर्ण शराबबंदी लागू हुए करीब नौ साल हो चुके हैं, इसके बावजूद अवैध शराब का कारोबार थमने का नाम नहीं ले रहा। पुलिस की सख्ती के बावजूद शराब माफिया लगातार नए-नए तरीके अपनाकर नकली और अवैध शराब का धंधा चला रहे हैं।
छापेमारी के दौरान बरामद स्टीकरों पर उत्तर प्रदेश का नाम पाया गया है। पुलिस का मानना है कि इन स्टीकरों का इस्तेमाल ग्राहकों को भ्रमित करने और शराब को दूसरे राज्यों की बताकर बेचने के लिए किया जाता था। इससे पहले भी पटना समेत राज्य के कई इलाकों से पंजाब और हरियाणा नाम वाले स्टीकर लगी बोतलें बरामद हो चुकी हैं।

बाइट – थाना अध्यक्ष पूजा कुमारी
“हमें गुप्त सूचना मिली थी कि दीपनगर इलाके के एक मकान में अवैध रूप से शराब बनाई जा रही है। छापेमारी के दौरान शराब निर्माण और पैकिंग से जुड़ी सामग्री बरामद की गई है। एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया गया है और आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है।”
नकली और जहरीली शराब का कारोबार आम लोगों की जान के लिए गंभीर खतरा बनता जा रहा है। इससे पहले भी बिहार के कई जिलों में संदिग्ध शराब पीने से मौत के मामले सामने आ चुके हैं। ऐसे में यह कार्रवाई एक बार फिर शराबबंदी की प्रभावशीलता और अवैध शराब नेटवर्क पर सवाल खड़े करती है।फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गहन जांच में जुटी है और यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि इस अवैध धंधे के पीछे और कौन-कौन लोग शामिल हैं।
pragatisharma3959