पत्रकारों पर हमले के विरोध में बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन का प्रदर्शन, दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग
पटना में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान उपद्रवी तत्वों द्वारा इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल मीडिया के पत्रकारों और कैमरापर्सनों के साथ की गई मारपीट की घटना की बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन ने कड़ी निंदा की है। यूनियन ने इसे लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर सीधा हमला बताते हुए दोषियों की शीघ्र पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है
पटना, 23 जुलाई। बुधवार, 22 जुलाई को पटना में छात्रों के प्रदर्शन के दौरान उपद्रवी तत्वों द्वारा इलेक्ट्रॉनिक एवं डिजिटल मीडिया के पत्रकारों और कैमरापर्सनों के साथ की गई मारपीट की घटना की बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन ने कड़ी निंदा की है। यूनियन ने इसे लोकतंत्र के चौथे स्तंभ पर सीधा हमला बताते हुए दोषियों की शीघ्र पहचान कर उनके विरुद्ध कठोर कानूनी कार्रवाई की मांग की है।
इसी के विरोध में गुरुवार, 23 जुलाई को बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन के बैनर तले बड़ी संख्या में पत्रकार पटना के डाकबंगला चौराहा पर एकत्र हुए और शांतिपूर्ण ढ़ंग से अपना विरोध दर्ज कराया। उपस्थित पत्रकारों ने एक स्वर में कहा कि समाचार संकलन के दौरान मीडिया कर्मियों पर किसी भी प्रकार का हमला अस्वीकार्य है तथा ऐसे मामलों में दोषियों के विरुद्ध त्वरित और कठोर कार्रवाई सुनिश्चित की जानी चाहिए।
इस अवसर पर बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन के सचिव मुकुंद कुमार सिंह ने कहा कि हाल के दिनों में मीडिया कर्मियों पर हमले की घटनाओं में लगातार बढ़ोतरी चिंता का विषय है। उन्होंने कहा कि इसके पीछे राजनीतिक विमर्श में बढ़ती असंवेदनशीलता और अमर्यादित भाषा भी एक बड़ा कारण है। राजनीतिक दलों और उनके नेताओं द्वारा मीडिया के प्रति प्रयोग किए जाने वाले आपत्तिजनक शब्द और आरोप समाज में पत्रकारों के प्रति अनावश्यक अविश्वास का वातावरण तैयार करते हैं, जिसका खामियाजा जमीनी स्तर पर काम करने वाले रिपोर्टरों और कैमरापर्सनों को भुगतना पड़ता है।
उन्होंने कहा कि पत्रकार दिन-रात कठिन परिस्थितियों में सभी राजनीतिक दलों, संगठनों और जन आंदोलनों की खबरें निष्पक्ष रूप से जनता तक पहुंचाने का दायित्व निभाते हैं। नेताओं के आह्वान पर कार्यक्रमों में पहुंचकर समाचार संकलन करने वाले इन्हीं पत्रकारों को भीड़ के बीच अपमानित करना या उन्हें निशाना बनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। लोकतंत्र में स्वतंत्र और निर्भीक पत्रकारिता की रक्षा करना सभी राजनीतिक दलों और समाज की सामूहिक जिम्मेदारी है।
बिहार श्रमजीवी पत्रकार यूनियन ने राज्य के सभी राजनीतिक दलों और उनके नेताओं से अपील की है कि वे सार्वजनिक रूप से अपने कार्यकर्ताओं एवं समर्थकों से मीडिया कर्मियों का सम्मान करने और समाचार संकलन के दौरान उन्हें किसी भी प्रकार से निशाना नहीं बनाने का स्पष्ट संदेश दें। यूनियन ने कहा कि स्वस्थ लोकतंत्र के लिए स्वतंत्र, सुरक्षित और निर्भीक पत्रकारिता अनिवार्य है तथा पत्रकारों की सुरक्षा सुनिश्चित करना सरकार, प्रशासन, राजनीतिक दलों और समाज सभी की साझा जिम्मेदारी है।
इस विरोध प्रदर्शन में मुकुंद कुमार सिंह के अलावा अनूप नारायण, आकाश कुमार, परमानन्द कुमार, कुंदन कुमार, पंकज कुमार, धर्मेंद्र कुमार, दीपक कुमार, चन्द्रमोहन पांडे, सुरजीत कुमार, सच्चिदानंद, राकेश दुबे, प्रत्युष राय, सचिन तिवारी, कृष्ण नंदन, रितेश कुमार, कृपाशंकर, रजनीश कुमार, ब्रजेन्द्र मिश्रा, कुमुद रंजन, धर्मेंद्र सिन्हा, अक्षय किशोर, गोलू कुमार, शिव कुमार, कुंदन पांडेय, राजीव रंजन पाठक, सुधेंदु रमन, सुजीत श्रीवास्तव, समेत बड़ी संख्या में पत्रकार मौजूद रहे। पटना से एनबीसी 24 के लिए कुमार गौतम की रिपोर्ट।