शिक्षा पर सरकार का विशेष जोर, सीएम नीतीश बोले- अब प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय एवं डिग्री कॉलेज

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। राज्य में उद्योग लगाने और स्वरोजगार करने वालों को कई प्रकार की सुविधायें देकर सरकार उन्हें प्रोत्साहित कर रही है। बिहार में उद्योग लगाने के लिये उद्यमियों को विशेष आर्थिक पैकेज दिया जा रहा है, इससे राज्य में उद्योग लगाने वाले उद्यमियों को काफी मदद मिलेगी।

शिक्षा पर सरकार का विशेष जोर, सीएम नीतीश बोले- अब प्रत्येक प्रखंड में आदर्श विद्यालय एवं डिग्री कॉलेज
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PATNA : मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने आज समृद्धि यात्रा के दौरान झंझारपुर प्रखण्ड के अररिया संग्राम स्थित दुर्गा मंदिर के निकट कार्यक्रम स्थल पर मधुबनी जिले में चल रही विकास कार्यों की समीक्षा की। अधिकारियों के साथ समीक्षात्मक बैठक में मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार को सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल करने हेतु सात निश्चय-3 कार्यक्रमों को लागू किया गया है। सरकार का शिक्षा पर विशेष जोर है। सात निश्चय-3 के प्रमुख उद्देश्यों में एक उद्देश्य 'उन्नत शिक्षा उज्ज्वल भविष्य' है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक प्रखण्ड में आदर्श विद्यालय एवं डिग्री कॉलेज खोला जायेगा। राज्य में एक नये एजुकेशन सिटी का निर्माण कराया जायेगा। नवम्बर 2005 में सरकार बनने के बाद से ही हमलोग शिक्षा व्यवस्था में सुधार के लिये लगातार काम कर रहे हैं। बड़ी संख्या में शिक्षकों की नियुक्ति, नये विद्यालय भवनों के निर्माण एवं आधारभूत संरचनाओं के विकास से शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार हुआ है।

समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने प्रगति यात्रा के दौरान घोषित विभिन्न योजनाओं के क्रियान्वयन के बारे में अधिकारियों से जानकारी ली। समीक्षा बैठक के दौरान मधुबनी जिला के जिलाधिकारी आनंद शर्मा ने प्रगति यात्रा से संबंधित योजनाओं, सात निश्चय-2 की योजनाओं तथा सात निश्चय-3 की योजनाओं के क्रियान्वयन के संबंध में प्रस्तुतीकरण के माध्यम से मुख्यमंत्री को विस्तृत जानकारी दी। जिलाधिकारी ने जिले में किए जा रहे अन्य विकास कार्यों की भी जानकारी दी। समीक्षा बैठक के दौरान मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रगति यात्रा से संबंधित जिन योजनाओं की स्वीकृति दी गई है, उनका क्रियान्वयन तेजी से करें। सात निश्चय-2 के तहत जो योजनाएं चलाई जा रही हैं उनका बेहतर ढंग से क्रियान्वयन करें। उन्होंने कहा कि सात निश्चय-3 के तहत जो योजनाएं निर्धारित की गई हैं उस पर बेहतर ढंग से कार्य शुरू करें। अधिकारी पूरी प्रतिबद्धता और संवेदनशीलता के साथ योजनाओं को तेजी से क्रियान्वित कर पूर्ण करें। उन्होंने कहा कि सरकार लोगों के हित में कार्य कर रही है, इसे लेकर कई योजनायें चलायी जा रही हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार ने अगले 5 वर्षों में 1 करोड़ युवाओं को नौकरी एवं रोजगार देने का लक्ष्य रखा है। राज्य में उद्योग लगाने और स्वरोजगार करने वालों को कई प्रकार की सुविधायें देकर सरकार उन्हें प्रोत्साहित कर रही है। बिहार में उद्योग लगाने के लिये उद्यमियों को विशेष आर्थिक पैकेज दिया जा रहा है, इससे राज्य में उद्योग लगाने वाले उद्यमियों को काफी मदद मिलेगी। उद्योग लगाने के लिये सभी जिलों में सुविधायें दी जा रही हैं। राज्य सरकार का उद्देश्य है कि बिहार में उद्योगों को और ज्यादा बढ़ावा मिले, बिहार के युवा दक्ष एवं आत्मनिर्भर हों तथा उन्हें अधिक से अधिक रोजगार मिल सके एवं उनका भविष्य सुरक्षित हो। उन्होंने कहा कि स्टार्टअप नीति बनाई गई है ताकि युवा अपना रोजगार शुरू कर सकें। हमारे राज्य के युवा दक्ष और सक्षम हों इसके लिए हमलोग कार्य कर रहे हैं। हमलोग राज्य के सभी नागरिकों की सुविधाओं का ख्याल रख रहे हैं। उनके जीवन को आसान बनाने के लिए लगातार काम कर रहे हैं। सभी अधिकारी संवेदनशीलता के साथ योजनाओं को क्रियान्वित करें ताकि बिहार देश के सर्वाधिक विकसित राज्यों की श्रेणी में शामिल हो सके।

समीक्षा बैठक में उपमुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, जल संसाधन सह संसदीय कार्य मंत्री विजय कुमार चौधरी, जदयू के राष्ट्रीय कार्यकारी अध्यक्ष संजय कुमार झा, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री सह मधुबनी जिले की प्रभारी मंत्री लेशी सिंह, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, संबंद्ध विभागों के अपर मुख्य सचिव, प्रधान सचिव, सचिव, मुख्यमंत्री के विशेष कार्य पदाधिकारी गोपाल सिंह, दरभंगा प्रमंडल के आयुक्त हिमांशु कुमार राय, दरभंगा प्रक्षेत्र के पुलिस उप महानिरीक्षक मनोज कुमार तिवारी, जिलाधिकारी आनंद शर्मा, पुलिस अधीक्षक योगेंद्र कुमार सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।